(संवाददाता, वी.ओ.ए न्यूज़)
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डेनियल लाक,
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श्री डेनियल लाक, बीबीसी संवाददाता और एक नई
किताब, इंडिया एक्सप्रेस- द फ्यूचर ऑफ द न्यू सुपरपॉवर के लेखक का कहना है
कि विश्व जिन्हें भारत की सबसे बड़ी समस्याओं की तरह देखता है, वे वास्तव में उसकी
ताकत हैं । भारत के समस्याजनक मुद्दे, जैसे कि गरीबी, भ्रष्टाचार और प्राकृतिक
आपदाएं भारतीय जनता के चरित्र की परीक्षा लेते हैं । श्री लाक के अनुसार, भारतीय
साल-दर-साल इन चुनौतियों के खिलाफ खड़े होते हैं और अपना जुझारूपन साबित करते हैं
। श्री लाक ने वी.ओ.ए के वरिष्ठ समाचार विश्लेषक गैरी थॉमस और हिंदी सेवा
की संवाददाता निहारिका आचार्य के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस यूएसए में कई मुद्दों पर
बातचीत की ।
श्री लाक हाल ही में अमेरिका के साथ हुए नागरिक
परमाणु समझौते को सफलता मानते हैं । राष्ट्रपति बुश ने भारत के साथ तीन साल तक एक
विधेयक पर काम किया, जिससे अमेरिकी कंपनियों को भारत के परमाणु बाजार में प्रवेश
करने की अनुमति मिली । इस ऐतिहासिक विधेयक को कानून बनाने के लिए इस पर 8 अक्टूबर
को हस्ताक्षर किये गए । डेनियल लाक ने आशा जताई कि भारत और अमेरिका के बीच संबंध
बढ़ते रहेंगे । उन्होंने भारत को विश्व के सबसे अमेरिका-समर्थक देशों में से एक
बताया और उन्हें इसमें जल्दी ही बदलाव की कोई संभावना नजर नहीं आती, चाहे कोई भी
नया अमेरिकी राष्ट्रपति बने ।
श्री डेनियल लाक ने कहा कि भारत को महाशक्ति कहा
जाना बहुत यथार्थवादी है । इंडिया एक्सप्रेस में उन्होंने तर्क दिया है कि
भारत में नागरिक स्वतंत्रताओं का व्यापक दायरा है, वह एक विकसित होती अर्थव्यवस्था
है और एक प्रभावशाली क्षेत्र है, जिससे देश के वैश्विक महाशक्ति बनने की संभावना
का पता चलता है ।
श्री लाक ने भारत में बारंबार होने वाले आतंकवादी
हमलों पर भी अपने विचार व्यक्त किये । उन्होंने कहा कि भारतीय ऐसे हमलों पर चिंतित
हुए बिना और उनके जवाब में हड़बड़ी में प्रतिक्रिया किये बिना या अपनी
अर्थव्यवस्था पर जोर दिये बिना इन्हें झेल लेते हैं । इसके बजाय इन वर्षों में
उन्होंने सीखा है कि मजबूत कैसे बना जाए और कैसे अपने जीवन के साथ आगे बढ़ा जाए ।
लेखक डेनियल लाक के एक नई महाशक्ति के तौर पर भारत
के बारे में विचार सुनने के लिए इस हफ्ते के प्रेस कॉन्फ्रेंस यूएसए ऑनलाइन को
सुनें या पोडकास्ट सुनें ।